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| - Fact Check: उत्तर प्रदेश की झांकी के नाम पर गणतंत्र दिवस की परेड का पुराना वीडियो वायरल
यूपी झांकी का वायरल हो रहा वीडियो इस साल का नहीं, बल्कि साल 2024 का है। साल 2026 में यूपी की झांकी में एकमुखी लिंग के जरिए बुंदेलखंड की आध्यात्मिकता और वास्तुकला को दर्शाया गया था।
By: Pragya Shukla
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Published: Jan 28, 2026 at 04:11 PM
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नई दिल्ली (विश्वास न्यूज)। सोशल मीडिया पर गणतंत्र दिवस की परेड को लेकर एक पोस्ट तेजी से वायरल हो रही है। पोस्ट में उत्तर प्रदेश की झांकी को दिखाया जा रहा है। यूजर्स इस वीडियो को शेयर कर दावा कर रहे हैं कि यह वीडियो इस साल गणतंत्र दिवस पर नई दिल्ली में कर्तव्य पथ पर उत्तर प्रदेश की ओर से निकाली गई झांकी की है। उत्तर प्रदेश ने इस साल श्री राम और अयोध्या को अपनी झांकी में दिखाया।
विश्वास न्यूज ने अपनी पड़ताल में पाया कि वायरल दावा भ्रामक है। वायरल हो रहा वीडियो इस साल का नहीं, बल्कि साल 2024 का है। साल 2026 में यूपी की झांकी में एकमुखी लिंग के जरिए बुंदेलखंड की आध्यात्मिकता और वास्तुकला को दर्शाया गया था।
क्या हो रहा है वायरल?
फेसबुक यूजर ने ‘अभिषेक गरिमा सरकार’ 27 जनवरी 2026 को वायरल वीडियो को शेयर करते हुए कैप्शन में लिखा है, “उत्तर प्रदेश की अद्भुत झांकी…जय श्री राम।”
वीडियो पर लिखा हुआ है, “गणतंत्र दिवस की परेड में UP की झांकी ने दिल जीत लिया…राम नगरी की भव्यता देख हर चेहरा गर्व से खिल उठा! ये सिर्फ़ झांकी नहीं, भारत की संस्कृति और आस्था का जीवंत उत्सव है- “जय श्री राम” !”
पोस्ट के आर्काइव लिंक को यहां पर देखें।
पड़ताल
वायरल दावे की सच्चाई जानने के लिए हमने गूगल पर संबंधित कीवर्ड्स की मदद से सर्च किया। हमें दावे से जुड़ी एक न्यूज रिपोर्ट ‘आजतक’ की वेबसाइट पर मिली। रिपोर्ट को 26 जनवरी 2024 को प्रकाशित किया गया था। रिपोर्ट के अनुसार, “उत्तर प्रदेश की झांकी अयोध्या: विकसित भारत: समृद्ध विरासत पर आधारित है। यह भगवान राम की जन्मस्थली होने के कारण ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व का क्षेत्र है। इसके अलावा आरआरटीएस के साहिबाबाद स्टेशन और निकलती नमो भारत ट्रेन को प्रदर्शित किया गया।”
पड़ताल के दौरान हमें वायरल वीडियो ‘Sansad TV’ के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर मिला। वीडियो को 26 जनवरी 2024 को शेयर किया गया था। मौजूद जानकारी के मुताबिक, उत्तर प्रदेश ने अपनी झांकी में अयोध्या और रामलला को दिखाया था। साथ ही विकसित प्रदेश को भी दर्शाया गया था।
जांच के दौरान हमें उत्तर प्रदेश की ओर से साल 2026 में निकाली गई झांकी से जुड़ी एक रिपोर्ट एबीपी न्यूज की वेबसाइट पर मिली। रिपोर्ट को 26 जनवरी 2026 को प्रकाशित किया गया था। रिपोर्ट के अनुसार, उत्तर प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत के साथ-साथ आधुनिकता के संगम ने गणतंत्र दिवस के मौके पर नई दिल्ली में कर्तव्य पथ पर प्रदेश की झांकी ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। बुंदेलखंड की प्राचीन विरासत और आधुनिक उत्तर प्रदेश का अनूठा संगम देख लोग तालियां बजाते हुए अपने स्थानों से खड़े होने पर मजबूर हो गए। प्रदेश की झांकी की थीम ‘बुंदेलखंड की शाश्वत भव्यता’ पर आधारित थी। प्रदेश की झांकी के सामने वाले हिस्से में एक मुखी लिंग (कालिंजर की प्रसिद्ध मूर्तियों में से एक) का भव्य चित्रण नजर आ रहा था। यह बुंदेलखंड की गहरी आध्यात्मिकता और असाधारण वास्तुकला विरासत का उदाहरण है। बीच का हिस्सा इस क्षेत्र की जीवित शिल्प परंपराओं को उजागर करता है, मिट्टी के बर्तन (मृद्भांड कला), मनके का काम (मनका शिल्प) और जीवंत स्थानीय हाट। ये सभी वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट (ODOP) योजना के अंतर्गत आते हैं, जो बुंदेलखंड की सांस्कृतिक पहचान और आर्थिक आत्मनिर्भरता की रीढ़ हैं।”
साल 2026 में उत्तर प्रदेश की ओर से निकाली गई झांकी का वीडियो हमें ‘Sansad TV’ के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर मिला। वीडियो को 26 जनवरी 2026 को शेयर किया गया था। वीडियो में एकमुखी लिंग को दर्शाते हुए देखा जा सकता है।
अधिक जानकारी के लिए हमने गणतंत्र दिवस के समारोह को कवर करने वाले दैनिक जागरण दिल्ली के रिपोर्टर लोकेश शर्मा से संपर्क किया। उन्होंने हमें बताया कि यह इस साल निकाली गई झांकी का वीडियो नहीं है।
अंत में हमने वीडियो को भ्रामक दावे के साथ शेयर करने वाले यूजर के अकाउंट को स्कैन किया। हमने पाया कि यूजर को तीन हजार से ज्यादा लोग फॉलो करते हैं। यूजर ने प्रोफाइल पर खुद को डिजिटल क्रिएटर बताया है।
निष्कर्ष: विश्वास न्यूज ने अपनी पड़ताल में पाया कि यूपी झांकी का वायरल हो रहा वीडियो इस साल का नहीं, बल्कि साल 2024 का है। साल 2026 में यूपी की झांकी में एकमुखी लिंग के जरिए बुंदेलखंड की आध्यात्मिकता और वास्तुकला को दर्शाया गया था।
Claim Review : यूपी ने गणतंत्र दिवस पर झांकी में दिखाए राम लला।
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Claimed By : FB User अभिषेक गरिमा सरकार
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Fact Check : भ्रामक
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