About: http://data.cimple.eu/claim-review/783624cebd447693d0ed019920dd485c4d886967f77e2227dd2635cb     Goto   Sponge   Distinct   Permalink

An Entity of Type : schema:ClaimReview, within Data Space : data.cimple.eu associated with source document(s)

AttributesValues
rdf:type
http://data.cimple...lizedReviewRating
schema:url
schema:text
  • Fact Check: दिल्ली में होने वाले G-20 शिखर सम्मेलन की बताकर वायरल की जा रही यह तस्वीर मुंबई की है विश्वास न्यूज की पड़ताल में पता चला कि जिन तस्वीरों को दिल्ली जी-20 शिखर सम्मेलन का बताया जा रहा है, असल में वो तस्वीरें मुंबई की साल 2022 की है। दिसंबर 2022 में G20 कार्यक्रम के दौरान मुंबई के स्लम एरिया को हरे पर्दे और बड़े बड़े होर्डिंग से ढक दिया गया था। - By: Jyoti Kumari - Published: Sep 7, 2023 at 06:02 PM नई दिल्ली (विश्वास न्यूज)। इस साल भारत पहली बार G-20 की मेजबानी कर रहा है। इस बीच सोशल मीडिया पर हरे पर्दे और बड़े-बड़े होर्डिंग से ढके घरों की कुछ तस्वीरों के कोलाज को शेयर किया जा रहा है। जिसे शेयर कर कुछ यूजर्स दावा कर रहे हैं कि यह तस्वीर दिल्ली में होने वाले G-20 शिखर सम्मेलन की है। विश्वास न्यूज ने अपनी जांच में वायरल दावे को भ्रामक पाया। असल में यह तस्वीरें 15 दिसंबर 2022 को मुंबई में जी20 कार्यक्रम के दौरान की है। जब वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे पर जोगेश्वरी में राजमार्ग से सटी बस्तियों को छिपाने के लिए हरे पर्दे लगाए गए थे। क्या है वायरल? फेसबुक यूजर ‘योगेश तिवारी’ ने (आर्काइव लिंक) वायरल तस्वीर को 5 सितंबर को पोस्ट किया है और कैप्शन लिखा है, “देखिए कैसे एक झटके में दिल्ली से गरीबी मिट गई।” ऐसे ही एक अन्य यूजर ‘राहुल कुमार’ ने भी कुछ तस्वीरों के कोलाज को शेयर किया है और दावा किया है किदेखिए, एक झटके में दिल्ली से गरीबी मिट गई। मुझे लगता है कि गरीबी मिटाने का काम कर रहे महान एनजीओ संस्थाओं को तंबू, पंडाल, होर्डिंग का साइड बिजनेस भी करना चाहिए।” पड़ताल विश्वास न्यूज ने वायरल कोलाज में मौजूद तस्वीरों की पड़ताल शुरू करते हुए सबसे पहले इन तस्वीरों को ध्यान से देखा। वायरल तस्वीर में दिख रहे एक बैनर पर लिखा था, “मुंबई स्वागत करता है G20 प्रतिनिधियों का। जिससे साफ़ होता है कि ये तस्वीरें दिल्ली की नहीं हो सकती। जांच को आगे बढ़ाते हुए हमने गूगल लेंस के जरिए तस्वीर को सर्च किया। हमें कई न्यूज वेबसाइट पर तस्वीरें पुरानी तारीख में अपलोड मिली। जहां इसे मुंबई की बताया गया है। याहू डॉट कॉम की वेबसाइट पर 15 दिसंबर 2022 को प्रकाशित खबर में वायरल तस्वीर के साथ बताया गया, “देश इस वर्ष अग्रणी अर्थव्यवस्थाओं के जी20 की अध्यक्षता कर रहा है और जिसके लिए 13 दिसंबर को तीन दिवसीय बैठक शुरू हुई जो 16 दिसंबर को समाप्त होगी। इसमें कार्यक्रम में कई अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधि भाग लेंगे। मुंबई को इस बैठक के लिए चुना गया था। उस दौरान मुंबई के स्लम एरिया को इस तरह से छुपाया गया था।” पड़ताल में आगे हमने कोलाज में मौजूद दूसरी तस्वीर को यांडेक्स टूल के जरिए खोजा। nationalheraldindia.com की वेबसाइट पर वायरल तस्वीर से जुड़ी खबर पब्लिश मिली। 17 दिसंबर 2022 को प्रकाशित खबर के अनुसार, “यह तस्वीर मुंबई की है। जहां दशकों से बसी झुग्गियों को सड़कों के किनारे बांस के खंभों पर लटके पर्दों और विशाल चादरों के साथ-साथ कार्यक्रम का विज्ञापन करने वाले लंबे होर्डिंग से छिपा दिया गया।” हमें 16 दिसंबर 2022 को यह गुजराती मिड डे की वेबसाइट पर पब्लिश खबर में मिली। जिसमें बताया गया,”वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे पर जोगेश्वरी में राजमार्ग से सटी एक झुग्गी को हरे कपड़े से ढक दिया गया है, क्योंकि इसका प्रतिनिधिमंडल बोरीवली में राष्ट्रीय उद्यान का दौरा करेगा ।” एबीपी न्यूज पर 8 जनवरी 2023 को प्रकाशित खबर में वायरल तस्वीर के साथ दी गई जानकारी के मुताबिक, “बीते दिसंबर के महीने में शिखर सम्मेलन के लिए जी-20 देशों के प्रतिनिधि मुंबई पहुंचे थे। इस दौरान मुंबई की झुग्गी-झोपड़ियों को पर्दे की दीवार से ढकने की तस्वीरें सामने आई थीं।” अन्य यूजर द्वारा शेयर किए कोलाज में मौजूद अन्य तस्वीरें भी इसी कार्यक्रम के दौरान की है। जिन्हे लोग अब दिल्ली से जोड़कर शेयर कर रहे हैं। वायरल कोलाज को लेकर हमने मिड-डे के सीनियर रिपोर्टर समीउल्लाह खान से संपर्क किया। उन्होंने हमें बताया,यह जोगेश्वरी पूर्वी स्लम क्षेत्र है, जो मुंबई अहमदाबाद एक्सप्रेस राजमार्ग के किनारे से जुड़ा हुआ है। ये तस्वीरें उस समय बहुत वायरल हुई थी। हमने संबंधित कीवर्ड से गूगल पर दिल्ली जी 20 समिट को लेकर सर्च किया। कई खबरों में बताया गया, “जी-20 शिखर सम्मेलन से पहले प्रशासन और सरकार ने शहर के कुछ गरीब इलाकों को चादरों से कवर कर दिया है। इन इलाकों को इस तरह से ढक दिया गया है कि सड़क पर निकलने के दौरान इन पर किसी की नजर भी ना पड़े।” पड़ताल के अंत में हमने मुंबई की पुरानी तस्वीरों को दिल्ली का बताकर शेयर करने वाले फेसबुक यूजर ‘योगेश तिवारी‘ के अकाउंट की स्कैनिंग की। स्कैनिंग से हमें पता चला कि यूजर उत्तर प्रदेश के औरैया का रहने वाला है। यूजर को फेसबुक पर 5 हजार लोग फॉलो करते हैं। निष्कर्ष: विश्वास न्यूज की पड़ताल में पता चला कि जिन तस्वीरों को दिल्ली जी-20 शिखर सम्मेलन का बताया जा रहा है, असल में वो तस्वीरें मुंबई की साल 2022 की है। दिसंबर 2022 में G20 कार्यक्रम के दौरान मुंबई के स्लम एरिया को हरे पर्दे और बड़े बड़े होर्डिंग से ढक दिया गया था। - Claim Review : देखिए कैसे एक झटके में दिल्ली से गरीबी मिट गई। - Claimed By : फेसबुक यूजर- योगेश तिवारी - Fact Check : भ्रामक पूरा सच जानें... किसी सूचना या अफवाह पर संदेह हो तो हमें बताएं सब को बताएं, सच जानना आपका अधिकार है। अगर आपको ऐसी किसी भी मैसेज या अफवाह पर संदेह है जिसका असर समाज, देश और आप पर हो सकता है तो हमें बताएं। आप हमें नीचे दिए गए किसी भी माध्यम के जरिए जानकारी भेज सकते हैं...
schema:mentions
schema:reviewRating
schema:author
schema:datePublished
schema:inLanguage
  • English
schema:itemReviewed
Faceted Search & Find service v1.16.115 as of Oct 09 2023


Alternative Linked Data Documents: ODE     Content Formats:   [cxml] [csv]     RDF   [text] [turtle] [ld+json] [rdf+json] [rdf+xml]     ODATA   [atom+xml] [odata+json]     Microdata   [microdata+json] [html]    About   
This material is Open Knowledge   W3C Semantic Web Technology [RDF Data] Valid XHTML + RDFa
OpenLink Virtuoso version 07.20.3238 as of Jul 16 2024, on Linux (x86_64-pc-linux-musl), Single-Server Edition (126 GB total memory, 11 GB memory in use)
Data on this page belongs to its respective rights holders.
Virtuoso Faceted Browser Copyright © 2009-2025 OpenLink Software