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| - Fact Check: हर्षा रिछारिया का महाकुंभ का फेक वीडियो वायरल
हर्षा रिछारिया के फेक वीडियो को शेयर किया जा रहा है। यह एआई टूल की मदद से बनाया गया है। उन्होंने इस बारे में साइबर सेल में शिकायत की है।
By: Sharad Prakash Asthana
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Published: Feb 17, 2025 at 05:01 PM
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Updated: Feb 17, 2025 at 06:04 PM
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नई दिल्ली (विश्वास न्यूज)। प्रयागराज महाकुंभ की शुरुआत में चर्चा में रहीं एंकर एवं सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर हर्षा रिछारिया का एक आपत्तिजनक वीडियो वायरल हो रहा है। इसमें उनके साथ एक पुलिसकर्मी को भी देखा जा सकता है। कुछ सोशल मीडिया यूजर्स इसे असली समझकर शेयर कर रहे हैं।
विश्वास न्यूज की पड़ताल में पता चला कि वायरल वीडियो को एआई टूल की मदद से बनाया गया है। इस पर पिक्सवर्सा डॉट एआई का लोगो भी लगा है। इस मामले में हर्षा ने साइबर सेल में शिकायत भी की है।
वायरल पोस्ट
फेसबुक यूजर Keshubhai Mahaliya 16 फरवरी 2025 को इस वीडियो को पोस्ट (आर्काइव लिंक) करते हुए लिखा, “अंजाम चाहे जो भी हो….मगर दीवानजी ने कुंभ का पूरा पूरा आनंद लिया।”
(पोस्ट आपत्तिजनक होने की वजह से इसका लिंक नहीं दे रहे हैं।)
विश्वास न्यूज के टिपलाइन नंबर 9599299372 पर भी दो यूजर्स ने इस वीडियो को भेजकर इसकी सच्चाई बताने का अनुरोध किया।
पड़ताल
वायरल वीडियो पर पिक्सवर्सा डॉट एआई का लोगो लगा हुआ है। इसे ध्यान से देखने पर पता चलता है कि चार सेकंड के बाद हर्षा का एक हाथ गायब होने लगता है। इससे हमें यह एआई संभावित लगा।
पिक्सवर्सा की वेबसाइट से पता चलता है कि इसकी मदद से एआई निर्मित वीडियो बनाए जा सकते हैं।
कैंटीलक्स एआई डिटेक्शन टूल से चेक करने पर इसके 35 फीसदी एआई निर्मित होने की संभावना जताई गई। इसमें बताया गया कि इसमें एआई की संलिप्तता की कुछ संभावना है। कई संकेतक इसमें एआई से छेड़छाड़ का संकेत देते हैं, लेकिन इसके कुछ पहलू स्वाभाविक हैं।
इस वीडियो से आपत्तिजनक वाले हिस्से वाली तस्वीर लेकर उसे इजइटएआई से चेक किया तो उस पर इसे 70 फीसदी एआई संभावित बताया गया।
इसके बाद हमने इसका कीफ्रेम निकालकर उसे गूगल लेंस से सर्च किया तो हर्षा के इंस्टाग्राम हैंडल से 19 जनवरी को पोस्ट किया गया एक वीडियो मिला। इसमें वायरल वीडियो के शुरू के दो-तीन सेकंड के हिस्से को देखा जा सकता है।
इस बारे में हमने हर्षा रिछारिया से संपर्क किया। उन्होंने कहा, “इस तरह के कुछ वीडियो मेरे सामने आए हैं। इस बारे में मैंने साइबर सेल में शिकायत की है। यह एआई क्रिएटेड है। एआई अब लोगों के लिए काफी खतरनाक हो चुका है, खासतौर से लड़कियों के लिए।“
21 जनवरी 2025 को एनडीटीवी की वेबसाइट पर छपी रिपोर्ट के अनुसार, महाकुंभ की शुरुआत में हर्षा रिछारिया का नाम काफी चर्चा में रहा था। सोशल मीडिया पर उन्हें साध्वी का टैग दिया गया था। इसके जवाब में उन्होंने कहा है कि वह साध्वी नहीं बनी हैं, बस धर्म की राह पकड़ी है। महाकुंभ में प्रवेश के दौरान हर्षा निरंजनी अखाड़े के रथ पर बैठी दिखी थी। इसको लेकर विवाद हुआ था। इंस्टाग्राम पर उन्होंने खुद को एंकर, सोशल एक्टिविस्ट और इन्फ्लुएंसर लिखा है।
हर्षा के फेक वीडियो को शेयर करने वाले फेसबुक यूजर की प्रोफाइल को हमने स्कैन किया। राजकोट के रहने वाले यूजर एक विचारधारा से प्रभावित हैं।
निष्कर्ष: हर्षा रिछारिया के फेक वीडियो को शेयर किया जा रहा है। यह एआई टूल की मदद से बनाया गया है। उन्होंने इस बारे में साइबर सेल में शिकायत की है।
Claim Review : हर्षा रिछारिया और पुलिसकर्मी का वीडियो।
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Claimed By : FB User- Keshubhai Mahaliya
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Fact Check : झूठ
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